Logo

Get Updates

Subscribe to receive instant notifications for new study materials and important updates.

Home» class 9»समकालीन भारत» Chapter 5: प्राकृतिक वनस्पति तथा वन्य प्राणी

भारत में बहुत संख्या में जीव और पादप प्रजातियाँ संकटग्रस्त हैं... - समकालीन भारत

Question

भारत में बहुत संख्या में जीव और पादप प्रजातियाँ संकटग्रस्त हैं- उदाहरण सहित कारण दीजिए।

उत्तर (Answer)

भारत में जीव और पादप प्रजातियों के संकटग्रस्त होने के मुख्य कारण और उदाहरण निम्नलिखित हैं:

संकटग्रस्त होने के कारण:

  1. अत्यधिक शिकार: लालची व्यापारियों द्वारा खाल, हड्डियों और सींगों के लिए अवैध शिकार करना।

  2. प्रदूषण: औद्योगिक अपशिष्ट, रसायनों के जमाव और कीटनाशकों के प्रयोग के कारण पर्यावरण का दूषित होना।

  3. वनों की कटाई: खेती, निवास और उद्योगों के लिए वनों को साफ करना, जिससे जीवों के प्राकृतिक आवास नष्ट हो रहे हैं।

  4. विदेशी प्रजातियों का प्रवेश: बाहरी प्रजातियों के आने से स्थानीय पारिस्थितिक तंत्र का असंतुलित होना।

  5. जनसंख्या वृद्धि: बढ़ती जनसंख्या की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए संसाधनों का अत्यधिक दोहन।

उदाहरण:

  • प्राणी जगत: बाघ (Tiger), एक सींग वाला गैंडा (One-horned Rhino), एशियाई शेर, भारतीय हाथी और गुलाबी सिर वाली बत्तख।

  • पादप जगत: सर्पगंधा, चंदन और कई अन्य औषधीय पौधे जो विलुप्त होने की कगार पर हैं।

(भारत में लगभग 1,300 पादप प्रजातियाँ संकटग्रस्त हैं और 20 प्रजातियाँ विलुप्त हो चुकी हैं।)

Related Questions

VIEW ALL SOLUTIONS

Chapter Info

Subject: समकालीन भारत
Class: class 9
Chapter 5: प्राकृतिक वनस्पति तथा वन्य प्राणी
Medium: Hindi Medium