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अपने क्षेत्र के कुछ पुराने निवासियों से बात कीजिए और पिछले 30 ... - अर्थशास्त्र
अपने क्षेत्र के कुछ पुराने निवासियों से बात कीजिए और पिछले 30 वर्षों में सिंचाई और उत्पादन के तरीकों में हुए परिवर्तनों पर एक संक्षिप्त रिपोर्ट लिखिए (वैकल्पिक)।
पिछले 30 वर्षों में सिंचाई और उत्पादन के तरीकों में आए परिवर्तनों पर संक्षिप्त रिपोर्ट:
1. सिंचाई के तरीकों में परिवर्तन:
पहले: 30 वर्ष पहले सिंचाई मुख्य रूप से वर्षा, कुओं और 'रहट' (Persian Wheel) पर निर्भर थी, जो बहुत धीमी और सीमित थी।
अब: अब लगभग सभी खेतों में बिजली से चलने वाले नलकूप (Tubewells) और सबमर्सिबल पंप लग गए हैं। इससे अब किसान साल भर पानी की उपलब्धता के कारण किसी भी मौसम में फसल उगा सकते हैं।
2. उत्पादन के तरीकों में परिवर्तन:
बीज: पहले पारंपरिक बीजों का उपयोग होता था जिनकी उपज कम थी। अब अधिक उपज देने वाले HYV बीजों का उपयोग किया जाता है।
उर्वरक और कीटनाशक: पहले खाद के रूप में गोबर की खाद का प्रयोग होता था। अब भारी मात्रा में रासायनिक उर्वरकों (यूरिया, DAP) और कीटनाशकों का प्रयोग होता है।
मशीनीकरण: पहले जुताई बैलों और हल से होती थी, लेकिन अब ट्रैक्टर, थ्रेशर और कंबाइन हार्वेस्टर जैसी मशीनों ने काम को आसान और तेज़ बना दिया है।
निष्कर्ष:
इन परिवर्तनों के कारण भूमि की उत्पादकता में कई गुना वृद्धि हुई है और किसान अब साल में दो से तीन फसलें आसानी से ले पा रहे हैं। हालाँकि, इससे भू-जल स्तर में गिरावट और मिट्टी की उर्वरता कम होने जैसी चुनौतियाँ भी पैदा हुई हैं।