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भारत की जलवायु अवस्थाओं की क्षेत्रीय विभिन्नताओं को उदाहरण सहि... - समकालीन भारत
भारत की जलवायु अवस्थाओं की क्षेत्रीय विभिन्नताओं को उदाहरण सहित समझाएँ।
भारत की जलवायु मानसूनी है, फिर भी इसमें महत्वपूर्ण क्षेत्रीय विभिन्नताएँ पाई जाती हैं। इसके मुख्य उदाहरण निम्नलिखित हैं:
1. तापमान में अंतर:
गर्मियों में: राजस्थान के मरुस्थल में कुछ स्थानों का तापमान 50°C तक पहुँच जाता है, जबकि उसी समय जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में तापमान लगभग 20°C रहता है।
सर्दियों में: जम्मू-कश्मीर के द्रास में रात का तापमान -45°C तक गिर जाता है, जबकि तिरुवनंतपुरम में यह 22°C रह सकता है।
दैनिक तापांतर: थार मरुस्थल में दिन और रात के तापमान में बहुत अंतर होता है (जैसे दिन में 50°C और रात में 15°C), जबकि केरल या अंडमान एवं निकोबार में दिन और रात का तापमान लगभग समान रहता है।
2. वर्षण (Precipitation) में अंतर:
वर्षण का रूप: हिमालय के ऊपरी भागों में वर्षण मुख्य रूप से हिमपात (बर्फ) के रूप में होता है, जबकि देश के शेष भागों में यह वर्षा के रूप में होता है।
मात्रा में अंतर: मेघालय में वार्षिक वर्षा 400 सेमी से अधिक होती है, जबकि लद्दाख और पश्चिमी राजस्थान में यह 10 सेमी से भी कम होती है।
समय में अंतर: देश के अधिकांश भागों में जून से सितंबर तक वर्षा होती है, लेकिन तमिलनाडु के तट पर अधिकतर वर्षा अक्टूबर और नवंबर (सर्दियों) में होती है।
इन उदाहरणों से स्पष्ट है कि भारत के विभिन्न भागों में तापमान और वर्षा की स्थिति में काफी अंतर पाया जाता है।